बांदनवाड़ा टोल प्लाजा पर अव्यवस्थाओं का जाल

  • Devendra
  • 16/11/2017
  • Comments Off on बांदनवाड़ा टोल प्लाजा पर अव्यवस्थाओं का जाल

दस दिन बाद भी नहीं लगे कोई दिशा-निर्देश व सूचना पट्टिका
बांदनवाड़ा (राजेश मेहरा) कस्बे के समीप राष्ट्रीय राजमार्ग 79 पर बने नवनिर्मित टोल प्लाजा पर टोल वसूली के दस दिन बाद भी हालात जस के तस हैं। स्थानीय लोगों के विरोध के चलते जैसे-तैसे टोल वसूली शुरू होने के बाद यहाँ अव्यवस्थाओं का आलम है। दस दिन बाद भी यहां न तो कोई दिशा-निर्देश पट्टिका लगाया गया है और न ही कोई संकेतक ही लगाया गया है।
किस वाहन से कितनी टोल राशि वसूल किया जाना है, इस सूचना को दर्शाने वाला बोर्ड भी नहीं लगाया गया है। वाहन चालकों को जानकारी के लिए एक टोल से एक किलोमीटर पहले कोई बोर्ड नहीं लगाया गया है। यातायात के नियमानुसार वाहन चालक के जानकारी के लिए टोल बूथ से एक किमी पहले दिशा-निर्देशक व संकेतक लगा होना आवश्यक है। हालांकि यह टोल वसूली अधिकतम तीन माह के लिए ही है परंतु इस दौरान उन्हें यहां दिशा-निर्देश पट्टिका एवं संकेतक लगाना आवश्यक है।
वहीं रेलवे ओवरब्रिज के ठीक नीचे टोल बूथ स्थित होने के कारण वाहन चालकों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। टोल बूथ पर टोल वसूली किया जाना स्थानीय लोगों के लिए भी कौतुहल का विषय है कि ना तो कोई सड़क निर्माण किया गया है ना ही कोई सुधार फिर भी टोल वसूली किस आधार पर की जा रही है।
यह बोले क्षेत्रवासी
कस्बे से गुजर रहे राष्ट्रीय राजमार्ग 79 पर रेल्वे ओवरब्रिज के नीचे बना टोल प्लाजा यातायात के नियमानुसार सरासर गलत है। यातायात के नियमों में यह स्पष्ट है कि जहाँ कहीं भी ब्रिज या ओवरब्रिज हो उससे कम से कम एक किमी की दूरी पर टोल बूथ बनाया जाना लाजमी है। इस बात को भी दरकिनार करते हुए टोल बूथ पर वसूली किया जाना कहाँ तक न्यायोचित है। इसे थोड़ा आगे बनाते हुए दुर्घटनाओं को कम किया जा सकता है। दूसरी ओर टोल पर कोई सूचना पट्टिका या निर्देश लगे हुए नहीं है।
मनीष छीपा-जागरुक युवा
राष्ट्रीय राजमार्ग 79 पर बने हुए टोल बूथ पर विगत दिनों टोल वसूली शुरु कर दी है। जबकि यहाँ ना तो कोई सूचना एवं निर्देश पट्टिका लगाई गई है। दूर-दूर तक कोई संकेतक भी नहीं लगाया गया है। जो यह दर्शाता हो कि आगे टोल बूथ है। ऐसे में वाहन चालक के साथ कोई भी दुर्घटना हो सकती है। यहाँ तक की वहाँ पर टोल वसूली की दरें भी किसी सूचना पट्टिका पर नहीं लगाई गई है।
जयमल रहलानी-इकाई अध्यक्ष, भाजपा
कस्बे के समीप बने टोल बूथ पर टोल वसूली शुरु कर दी है, जो बेमानी लगती है। ना तो कोई सड़क निर्माण करवाया हुआ है और ना ही मरम्मत तो फिर टोल वसूली किस बात की हो रही है। टोल बूथ के चारों ओर मरम्मत कार्य चल रहा है। या तो इस कार्य को पहले पूर्ण करते हुए फिर टोल वसूली की जानी चाहिए।
ललित लोढ़ा, पूर्व उप प्रधान भिनाय
कस्बे के भीलवाड़ा-अजमेर मार्ग पर बना टोल बूथ बिना किसी पूर्व तैयारी के शुरु किया गया है। इस जगह पर पूर्व में भी कई हादसे हो चुके हैं। यदि हादसों के पॉइंट पर ही टोल बूथ का निर्माण किया जाए तो यह सीधी-सीधी दुर्घटनाओं को न्यौता देने वाली बात है। अब किस बात की टोल वसूली की जा रही है।
मनोज आहूजा-पूर्व अपर लोक अभियोजक
बांदनवाड़ा रेलवे ओवरब्रिज के नीचे बने टोल बूथ पर चारों तरफ खामियां ही खामियां दिखाई दे रही है। जबकि टोल वसूली शुरु कर दी है। दूर-दूर तक सड़क निर्माण का नामोनिशान नहीं है। यहाँ तक की पूर्व में बने फोरलेन के दौरान भी राजमार्ग कई जगह से क्षतिग्रस्त हो रखा है। हालांकि कम्पनी का कहना है कि वे तीन माह तक टोल वसूली की जा रही है परंतु फोरलेन के समय बने राजमार्ग को तो दुरुस्त किया जाए। फिर टोल वसूली की जाए तो न्यायोचित हो।
गुमानसिंह राठौड़-मंडल अध्यक्ष, भाजयुमो

WP2Social Auto Publish Powered By : XYZScripts.com
Skip to toolbar